ठग डिजिटल तरीकों से लोगों को ठग रहे हैं, जिसमें ED का फर्जी समन शामिल है. ये ठगी के मामलों से बचने के लिए ED ने जनता को असली और नकली समन पहचानने के तरीके बताए हैं.

ED ने फर्जी समन के बारे में चेतावनी दी
प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने जनता को फर्जी समन से सतर्क रहने की सलाह दी है. अधिकारियों के अनुसार, हाल के दिनों में नकली नोटिस भेजकर लोगों से पैसे वसूलने की कोशिश हुई है. ये फर्जी समन असली जैसी दिखती हैं, जिससे अंतर समझना मुश्किल हो जाता है.
असली समन की पहचान कैसे करें
ED ने कहा कि अब सभी असली समन सिस्टम से जारी होते हैं, जिन पर QR कोड और यूनिक पासकोड होता है. इसे इस्तेमाल कर कोई भी समन की वैधता जांच सकता है. समन पर अधिकारी के हस्ताक्षर, मुहर, ईमेल और फोन नंबर भी होंगे.
QR कोड से समन जांचना
समन जांचने के दो तरीके हैं. पहला, QR कोड स्कैन करके असली या नकली पहचानें:
- मोबाइल से QR कोड स्कैन करें.
- ED की वेबसाइट खुलेगी.
- समन पर लिखा पासकोड डालें.
- सही होने पर वेबसाइट पर नाम, अधिकारी का नाम, पद और तारीख दिखाई देंगे.
ED वेबसाइट से जांच करना
दूसरा तरीका ED की वेबसाइट से:
- https://enforcementdirectorate.gov.in पर जाएं.
- ‘Verify Your Summons’ पर क्लिक करें.
- समन नंबर और पासकोड डालें.
- सही होने पर वेबसाइट असली समन दिखाएगी.
ED ने कहा कि जांच समन जारी होने के 24 घंटे बाद की जा सकती है, सप्ताहांत और छुट्टियों को छोड़कर.
अगर समन सिस्टम से जारी नहीं हुआ
यदि समन सिस्टम से नहीं आया, तो निम्न ED अधिकारी से संपर्क करें:
नाम: राहुल वर्मा
पद: सहायक निदेशक
पता: प्रवर्तन निदेशालय, ए-ब्लॉक, प्रवर्तन भवन, एपीजे अब्दुल कलाम रोड, नई दिल्ली – 110011
ईमेल: adinv2-ed@gov.in
फोन: 011-23339172
डिजिटल अरेस्ट पूरी तरह फर्जी है
ED ने कहा कि कुछ ठग ‘डिजिटल अरेस्ट’ का डर दिखाकर पैसे वसूलते हैं. “ऐसा कोई कानून नहीं है. ED की गिरफ्तारी हमेशा कानूनी प्रक्रिया में होती है, ऑनलाइन नहीं,” ED ने कहा. जनता को ऐसे संदेशों पर भरोसा नहीं करना चाहिए.









