हमास से बंधकों की रिहाई के बाद अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का इजरायल में भव्य स्वागत हुआ. सांसदों ने संसद में उनके सम्मान में ढाई मिनट तक खड़े होकर तालियां बजाईं.

बंधकों की रिहाई के बाद ट्रंप की लोकप्रियता बढ़ी
हमास की गिरफ्त से बंधकों की वापसी के बाद इजरायल में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की लोकप्रियता काफी बढ़ गई है. सोमवार को ट्रंप जब इजरायली संसद ‘नेसेट’ पहुंचे तो वहां सांसदों ने ढाई मिनट तक तालियां बजाकर उनका जोरदार स्वागत किया.
जैसे ही ट्रंप मंच पर पहुंचे, नेसेट गार्ड ने तुरही बजाई और सभी सांसद खड़े होकर तालियां बजाते रहे.
सांसदों ने नेतन्याहू और ट्रंप दोनों के लिए बजाई तालियां
ट्रंप के साथ मौजूद प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू को भी सांसदों ने खूब सराहा और उन्हें उनके उपनाम ‘बीबी’ से पुकारा. पूरा सदन उत्साह और सम्मान से गूंज उठा.
अमेरिकी टीम को भी मिला स्टैंडिंग ओवेशन
ट्रंप के भाषण से पहले, नेसेट के स्पीकर अमीर ओहाना ने विस्तृत प्रस्तावना दी. उन्होंने गाजा युद्धविराम में भूमिका निभाने वाले ट्रंप टीम के सदस्यों — जेयर्ड कुशनर, विदेश मंत्री मार्को रुबियो, रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ, राजदूत माइक हकाबी — का नाम लेकर परिचय कराया. सांसदों ने सभी के लिए खड़े होकर तालियां बजाईं.
नेतन्याहू ने ट्रंप को दिया सर्वोच्च सम्मान
प्रधानमंत्री नेतन्याहू ने ट्रंप को इजरायल का सर्वोच्च नागरिक सम्मान प्रदान किया. सम्मान देते हुए नेतन्याहू ने कहा, “शांति का नोबेल पुरस्कार ट्रंप को जरूर मिलेगा, भले इसमें समय लगे.”
ट्रंप को यह पुरस्कार शांति प्रयासों के प्रतीक के रूप में दिया गया है.
इससे पहले नेतन्याहू ने ट्रंप को एक सुनहरा कबूतर ‘गोल्डन पीस पिजन’ उपहार में दिया, जो शांति और मित्रता का प्रतीक है.
संसद में नेतन्याहू का संबोधन
नेतन्याहू ने कहा, “हम 7 अक्टूबर को कभी नहीं भूलेंगे, जब उन राक्षसों ने हमारे बच्चों को हमसे छीना.”
उन्होंने आगे कहा, “मिस्टर प्रेसिडेंट, हम फिर से शांति प्राप्त करेंगे. हमने अब्राहम समझौते से यह पहले भी किया है और फिर करेंगे. यह जीत बड़ी कीमत पर मिली है.”







