तेजस्वी यादव महागठबंधन के सीएम चेहरा होंगे, अशोक गहलोत ने किया ऐलान

महागठबंधन ने तेजस्वी यादव को सीएम उम्मीदवार घोषित किया, आंतरिक तनाव के बीच एकता का प्रदर्शन

Tejashwi Yadav speaking at a press conference in Patna, addressing the media about the Mahagathbandhan's CM candidate declaration.
कांग्रेस नेता अशोक गहलोत और अन्य महागठबंधन सहयोगियों के साथ मीडिया को संबोधित करते राजद नेता तेजस्वी यादव।

पटना में साझा प्रेस कॉन्फ्रेंस

बिहार विधानसभा चुनाव (2025) के लिए महागठबंधन ने गुरुवार (23 अक्टूबर, 2025) को एक साझा प्रेस कॉन्फ्रेंस की। यह प्रेस कॉन्फ्रेंस पटना के मौर्या होटल में आयोजित हुई।

इस मौके पर आरजेडी नेता तेजस्वी यादव उपस्थित रहे। उनके साथ कांग्रेस नेता अशोक गहलोत भी थे। कांग्रेस के बिहार प्रदेश अध्यक्ष राजेश राम मौजूद थे। वीआईपी प्रमुख मुकेश सहनी और सीपीआईएम के दीपांकर भट्टाचार्य भी शामिल हुए। अन्य सहयोगी दलों के नेता भी वहां उपस्थित थे। इस दौरान यह सार्वजनिक रूप से घोषित किया गया। अशोक गहलोत ने ऐलान किया कि तेजस्वी यादव ही महागठबंधन के सीएम फेस होंगे।

“जब तक तोड़ेंगे नहीं तब तक छोड़ेंगे नहीं”: सहनी

वीआईपी के प्रमुख मुकेश सहनी ने इस अवसर पर बात की। उन्होंने कहा कि लाखों कार्यकर्ता इस पल का इंतजार कर रहे थे। उन्होंने बीजेपी पर विधायकों को तोड़ने और खरीदने का आरोप लगाया। सहनी ने कहा, “जब तक तोड़ेंगे नहीं तब तक छोड़ेंगे नहीं”। उन्होंने कहा कि वो समय आ गया है। अब महागठबंधन के साथ मजबूती से सरकार बनाएंगे। उन्होंने जोर दिया कि महागठबंधन मजबूत है।

13 सीटों पर महागठबंधन के प्रत्याशी आमने-सामने

इससे पहले महागठबंधन में सीटों के बंटवारे पर संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस नहीं हुई थी। लगातार तनातनी वाली स्थिति बनी हुई थी। बिहार चुनाव के लिए आज (गुरुवार) यह पहली साझा प्रेस कॉन्फ्रेंस हुई। सबसे बड़ी बात यह है कि करीब 13 सीटों पर महागठबंधन के ही प्रत्याशी आपस में लड़ रहे हैं।

विशेष रूप से राष्ट्रीय जनता दल और कांग्रेस के बीच तनाव की स्थिति है। इसी स्थिति को देखते हुए कांग्रेस के वरिष्ठ पर्यवेक्षक अशोक गहलोत ने कदम उठाया। उन्होंने बीते बुधवार को लालू-तेजस्वी से मुलाकात भी की थी।

पोस्टर विवाद: सिर्फ तेजस्वी की तस्वीर

दूसरी ओर, इस प्रेस कॉन्फ्रेंस के लिए लगाए गए पोस्टर पर विवाद है। इस पर सिर्फ तेजस्वी यादव की फोटो लगी है। तेजस्वी यादव के अलावा किसी अन्य नेता की तस्वीर नहीं है। केवल सहयोगी दलों के सिंबल दिखाई दे रहे हैं। इस पर बीजेपी नेता अमित मालवीय ने एक्स पर लिखा, “महागठबंधन में भारी अंतर्कलह अब सरेआम हो चुका है. पहले राहुल गांधी ने तेजस्वी को चेहरा नहीं माना, अब तेजस्वी ने राहुल गांधी को पोस्टर से गायब कर दिया. यह पोस्टर ही महागठबंधन के टूटने की घोषणा है।”

सांसद पप्पू यादव ने भी अन्य नेताओं की तस्वीर नहीं होने पर आपत्ति जताई है। पप्पू यादव ने सवाल उठाया कि पोस्टर पर राहुल गांधी के बिना कोई औचित्य है क्या? उन्होंने कहा कि गठबंधन में शामिल सबकी तस्वीर होनी चाहिए। सांसद ने कहा कि तस्वीर नहीं होने से गलत संदेश जाता है।


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